गुरुग्राम: साइबर सिटी की सबसे व्यस्त और प्रमुख सड़कों में से एक, सोहना रोड को पूरी तरह से जाम मुक्त बनाने के लिए नगर निगम गुरुग्राम (MCG) ने एक बड़ा कदम उठाया है। राजीव चौक से लेकर सोहना चौक (सुभाष चौक और वाटिका चौक होते हुए) के पूरे स्ट्रेच को सुचारू बनाने के लिए निगम की एन्फोर्समेंट विंग ने एक विशेष और व्यापक अतिक्रमण विरोधी अभियान चलाया है।
​इस कार्रवाई के बाद इस मार्ग पर रोजाना सफर करने वाले लाखों वाहन चालकों और पैदल यात्रियों को भीषण ट्रैफिक जाम से बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।
​## मुख्य सड़कों और ग्रीन बेल्ट को कराया गया मुक्त
नगर निगम के आयुक्त के निर्देशानुसार गठित की गई विशेष एन्फोर्समेंट टीमों ने पुलिस बल के साथ मिलकर सुबह से ही इस रूट पर मोर्चा संभाल लिया था। अभियान के दौरान राजीव चौक अंडरपास के आसपास, सर्विस लेन, फुटपाथ और मुख्य सड़क के किनारे अवैध रूप से कब्जा जमाए बैठे अतिक्रमणकारियों पर पीला पंजा चलाया गया।
​अवैध खोखे और रेहड़ियां ध्वस्त: सड़क के राइट ऑफ वे (RoW) और फुटपाथों पर अवैध रूप से बनाए गए दर्जनों टीन-शेड, पक्के व कच्चे फूड स्टॉल, खोखे और अवैध कियोस्क को पूरी तरह से नेस्तनाबूद कर दिया गया।
​दुकानदारों के बाहर फैले सामान जब्त: सोहना रोड के व्यावसायिक प्रतिष्ठानों और मार्केट एरिया में कई दुकानदारों ने अपनी दुकानों के बाहर फुटपाथ तक सामान फैला रखा था। निगम की टीम ने न सिर्फ इन सामानों को जब्त किया, बल्कि उन्हें दोबारा ऐसा न करने की सख्त चेतावनी भी दी।
​ग्रीन बेल्ट की सफाई: सड़क के सुंदरीकरण और पर्यावरण के लिए छोड़ी गई ग्रीन बेल्ट पर किए गए अस्थायी कब्जों और झुग्गी-झोपड़ियों को भी मौके से पूरी तरह हटा दिया गया।
​## जाम से जनता त्रस्त, निगम का सख्त रुख
राजीव चौक से सोहना की तरफ जाने वाला यह रूट दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे और सोहना एलिवेटेड कॉरिडोर को भी जोड़ता है, जिससे यहां वाहनों का दबाव बेहद ज्यादा रहता है। पिछले कुछ समय से स्थानीय निवासियों और राहगीरों द्वारा लगातार शिकायतें मिल रही थीं कि सड़क किनारे रेहड़ी-पटरी वालों और अवैध पार्किंग के कारण यह पूरी सड़क सिकुड़ गई है। पीक आवर्स के दौरान यहां मामूली दूरी तय करने में भी आधा-आधा घंटा लग जाता था।
​मामले की गंभीरता को देखते हुए एमसीजी के सहायक अभियंताओं और नोडल अधिकारियों की देखरेख में टीमों को अलग-अलग जोन में बांटकर यह कार्रवाई सुनिश्चित की गई। अधिकारियों का कहना है कि सड़कें और फुटपाथ जनता के चलने के लिए हैं, किसी भी व्यावसायिक गतिविधि या निजी कब्जे के लिए नहीं। जब फुटपाथों पर कब्जा होता है, तो पैदल चलने वालों को मुख्य सड़क पर आना पड़ता है, जिससे न सिर्फ जाम लगता है बल्कि हादसों का खतरा भी बढ़ जाता है।
​## दोबारा कब्जा करने वालों पर दर्ज होगी FIR: MCG
नगर निगम ने स्पष्ट किया है कि यह केवल एक दिन की कार्रवाई नहीं है। अक्सर देखा जाता है कि टीम के जाते ही लोग दोबारा उसी जगह पर अपनी दुकानें सजा लेते हैं। इस प्रवृत्ति पर रोक लगाने के लिए निगम अब कड़ी रणनीति अपना रहा है:
​नियमित मॉनिटरिंग: इस पूरे स्ट्रेच की निगरानी के लिए संबंधित क्षेत्र के विंग को पाबंद किया गया है, जो हर दो से तीन दिनों में औचक निरीक्षण करेंगे।
​भारी जुर्माना और कानूनी कार्रवाई: यदि कोई दुकानदार या रेहड़ी संचालक दोबारा सार्वजनिक जमीन पर कब्जा करता पाया गया, तो उसका सामान हमेशा के लिए जब्त करने के साथ-साथ भारी जुर्माना लगाया जाएगा।
​सरकारी जमीन पर वसूली करने वालों पर शिकंजा: निगम उन लोगों को भी चिह्नित कर रहा है जो सरकारी जमीन पर अवैध रूप से रेहड़ियां लगवाकर उनसे अवैध किराया वसूलते हैं। ऐसे भू-माफियाओं के खिलाफ सीधे पुलिस में FIR दर्ज कराई जाएगी।
​इस विशेष अभियान का स्थानीय आरडब्ल्यूए (RWA) और राहगीरों ने स्वागत किया है। लोगों का कहना है कि यदि यह मार्ग इसी तरह पूरी तरह साफ रहा, तो राजीव चौक से सोहना चौक तक का सफर बेहद आसान, सुरक्षित और समय बचाने वाला साबित होगा।