त्योहारों के सीजन में खुशियों की जगह एक परिवार के घर में मातम पसर गया जब साइबर ठगों ने 'दिवाली बोनस' और 'गिफ्ट वाउचर' का लालच देकर एक व्यक्ति के बैंक खाते से ₹20 लाख की मोटी रकम साफ कर दी। यह घटना दर्शाती है कि कैसे डिजिटल युग में आपकी एक छोटी सी लापरवाही जीवनभर की कमाई को पल भर में खत्म कर सकती है।
पुलिस के मुताबिक, पीड़ित को व्हाट्सएप पर एक मैसेज मिला था जिसमें एक नामी ई-कॉमर्स कंपनी का लोगो लगा था। मैसेज में दावा किया गया था कि कंपनी अपने लकी ग्राहकों को दिवाली के मौके पर भारी कैश बोनस और महंगे गिफ्ट दे रही है। पीड़ित ने जैसे ही उस लिंक पर क्लिक किया, उसे एक फर्जी वेबसाइट पर ले जाया गया जो बिल्कुल असली कंपनी की तरह दिख रही थी।
वहां उससे उसकी बैंकिंग जानकारी और फोन पर आया ओटीपी (OTP) मांगा गया। जैसे ही पीड़ित ने ओटीपी साझा किया, उसके पास एक के बाद एक कई मैसेज आए और देखते ही देखते उसके बचत खाते से 20 लाख रुपये निकाल लिए गए। हैरान करने वाली बात यह है कि ठगों ने इस पूरी प्रक्रिया को इतनी सफाई से अंजाम दिया कि बैंक के सुरक्षा सिस्टम को भनक तक नहीं लगी।
साइबर एक्सपर्ट्स का कहना है कि इस तरह की ठगी को 'फिशिंग' (Phishing) कहा जाता है। इसमें अपराधी असली दिखने वाले फर्जी लिंक भेजकर लोगों का भरोसा जीतते हैं। आजकल ठग एआई (AI) और सोशल इंजीनियरिंग का इस्तेमाल कर रहे हैं ताकि मैसेज बिल्कुल प्रोफेशनल और भरोसेमंद लगें।
पुलिस ने इस मामले में एफआईआर (FIR) दर्ज कर ली है और साइबर सेल की टीम उन बैंक खातों को ट्रैक करने की कोशिश कर रही है जिनमें पैसा ट्रांसफर किया गया है। शुरुआती जांच में पता चला है कि ये पैसे अलग-अलग राज्यों के फर्जी पतों पर खुले खातों में भेजे गए हैं, जिससे इन्हें वापस पाना चुनौतीपूर्ण हो गया है।
साइबर सेल ने आम जनता के लिए एडवाइजरी जारी करते हुए कहा है कि किसी भी अनजान लिंक पर क्लिक न करें। कोई भी बैंक या नामी कंपनी फोन पर या मैसेज के जरिए आपका ओटीपी, पिन या पासवर्ड कभी नहीं मांगती। अगर आपके साथ ऐसी कोई घटना होती है, तो तुरंत 1930 नंबर पर कॉल करें या cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज कराएं।
सुरक्षित रहें और सतर्क रहें, क्योंकि आपकी जागरूकता ही साइबर अपराधियों के खिलाफ सबसे बड़ा हथियार है। किसी भी लुभावने ऑफर के झांसे में आकर अपनी गोपनीय जानकारी किसी के साथ साझा न करें।
सावधान! दिवाली बोनस के नाम पर बड़ी ऑनलाइन ठगी: खाते से 20 लाख रुपये गायब